&संयुक्त ट्रेड यूनियन के द्वारा 18 जून 2020 को मनाया जायेगा विरोध दिवस 2 से 4 जुलाई को कोल इंडिया में होगी तीन दिवसीय हड़ताल संतोष चौरसिया अनूपपुर कोल केंद्रीय श्रम संगठनों एचएमएस, बीएमएस, एटक, सीटू एवं इंटक यूनियन की दिनांक 14 जून 2020 को संपन्न हुई फेडरेशन स्तर की बैठक मेँ भारत सरकार के उद्योग विरोधी एवं मजदूर विरोधी फैसलों कोयला उद्योग का निजीकरण, कामर्शियल माइनिंग, निजी क्षेत्रों को कोल ब्लॉक आवंटन, सीएमपीडीआई को कोल इंडिया से अलग करने इत्यादि के खिलाफ 18 जून को देशव्यापी विरोध दिवस मनाने एवं 2 जुलाई से 4 जुलाई तक कोल इंडिया में तीन दिवसीय हड़ताल करने का निर्णय लिया गया है इसी कड़ी में एचएमएस, एटक, बीएमएस, इंटक, सीटू यूनियन की एसईसीएल स्तर की बैठक ज़ूम एप्प के जरिए दिनांक 15 जून 2020 को संपन्न हुई। बैठक मेँ एचएमएस के महामंत्री श्री नाथूलाल पांडेय, बीएमएस SECL के प्रभारी श्री महेंद्र प्रताप सिंह, एटक के महामंत्री काo हरिद्वार सिंह, सीटू के महामंत्री काo जे.एस.सोढ़ी, इंटक के महामंत्री श्री पीoकेoराय उपस्थित रहे। बैठक में 2 जुलाई से 4 जुलाई तक प्रस्तावित तीन दिवसीय हड़ताल को सफल बनाने की योजना पर निर्णय लिए गए | 16 जून के प्रथम पाली से ही गेट मीटिंग, नारेबाजी, सभी खदानों में सभी पालियो में की जाएगी | हड़ताल के समर्थन में वाल राइटिंग किया जायेगा 18 जून 2020 को एसईसीएल मुख्यालय बिलासपुर में पांचो यूनियन के शीर्ष नेताओ की उपस्थिति में हड़ताल नोटिस दिया जायेगा प्रमुख मांगे - 1) कोयला खानों का निजीकरण रोकना| 2) वाणिज्यिक खनन हेतु प्रस्तावित नीलामी रोकना| 3) सीआईएल से सीएमपीडीआईएल को अलग करने के प्रस्ताव को वापस लेना| 4) ठेकेदारी श्रमिकों को एचपीसी मजदूरी का भुगतान सुनिश्चित करना 5) एनसीडब्ल्यूए-6 के अनुसार 9.4.0 के तहत मेडिकल अनफिट कामगारों के आश्रित को नौकरी दिया जाये एचएमएस, एटक, बीएमएस, इंटक, सीटू यूनियन के शीर्ष नेताओं ने कोयला मजदूरों से भी आहवान किया है कि 18 जून के विरोध दिवस में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लेवे एवं कोल इंडिया को बचाने के लिए 2 जुलाई से 4 जुलाई तक प्रस्तावित तीन दिवसीय हड़ताल को सफल बनावेnbsp;